पदार्थों का घनत्व
एक घन मीटर (मी३) पानी का भार १००० किलोग्राम या एक टन होता है।
जिन पदार्थों का घनत्व पानी से कम होगा वो पानी में तैरेंगे और जिनका घनत्व पानी से अधिक होगा वो पानी में डूब जाएंगे।
हल्की धातुएं जैसे एल्यूमीनियम या टाइटेनियम इंजीनियरों के लिए बहुत महत्वपूर्ण होती हैं क्योंकि इनका उपयोग विमान इत्यादि को बनाने में किया जाता है। विमान के लिए यह आवश्यक है कि वह मजबूत हो और इतना हल्का भी हो कि आसानी उड़ सके।
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पदार्थों का घनत्व
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| पदार्थ | घनत्व (g/cm3) |
| द्रव | |
| 4 °C पर पानी | १.०००० |
| 20 °C पर पानी | ०.९९८ |
| गैसोलीन | ०.७० |
| पारा | १३.६ |
| दूध | १.०३ |
| ठोस | |
| मैग्नीशियम | १.७ |
| एल्यूमीनियम | २.७ |
| पीतल | ८.५५ |
| तांबा | ८.३-९.० |
| सोना | १९.३ |
| लोहा | ७.८ |
| जिंक | ७.१४ |
| स्टील | ८.०३ |
| लेड (सीसा) | ११.३ |
| प्लेटीनम | २१.४ |
| यूरेनियम | १८.७ |
| ऑस्मियम | २२.५ |
| 0 C पर बर्फ | ०.९२ |
| लकड़ी | ०.६७ |
| मानक ताप एवं दाब पर गैसें | |
| हवा | ०.००१२९३ |
| कार्बन डाई ऑक्साइड | ०.००१९७७ |
| कार्बन मोनो ऑक्साड | ०.००१२५ |
| हाइड्रोजन | ०.००००९ |
| हीलियम | ०.०००१७८ |
| नाइट्रोजन | ०.००१२५१ |
हिमखंडों में लगभग पूरी तरह से शुद्ध पानी होता है। और इनका घनत्व समुद्र के पानी से कम होता है इसीलिए ये समुद्र में तैरते रहते हैं।



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YOU HAVE BECOME A DEDICATED TEACHER. I WILL NOT SAY THAT YOU ARE BLOGGER. ONCE AGAIN THANKS FOR ALL THE LESSONS.
रमेश जी धन्यवाद!